Team India: भारतीय क्रिकेट टीम (Indian Cricket Team) का एक खतरनाक बल्लेबाज एक बार फिर से मैदान में उतरने को तैयार हो चुका है। पिछले करीब 7 महीनों से क्रिकेट के मैदान (Cricket Ground) से दूर ये खूंखार बल्लेबाज अब अपने बल्ले से गदर मचाने के लिए पूरी तरह से फिट हो चुका है। सेंचुरी के साथ इंटरनेशनल क्रिकेट (International Cricket) में कदम रखने वाले इस बल्लेबाज का दम अब फिर से दुनिया देखने वाली है, क्योंकि ये बल्लेबाज अपने करारे शॉट्स के साथ 2 फरवरी को मैदान में बल्ला थामकर उतरने वाला है।
7 महीनों के बाद पृथ्वी शॉ क्रिकेट के मैदान में वापसी के लिए तैयार
टीम इंडिया (Team India) का ये बल्लेबाज है पृथ्वी शॉ (Prithvi Shaw)… 24 साल के स्टार क्रिकेटर पृथ्वी शॉ एक बार फिर से मैदान में अपनी बैटिंग का शो दिखाने के लिए तैयार हो चुके हैं। मुंबई (Mumbai Ranji Team) का ये बल्लेबाज पिछले साल अगस्त से ही क्रिकेट के मैदान से दूर है, जहां उन्हें इंग्लैंड में काउंटी क्रिकेट (County Cricket) टूर्नामेंट के दौरान घुटने में चोट लग गई थी। इस चोट के बाद पृथ्वी को लंबे समय तक बाहर होना पड़ा। जो करीब 7 महीनों तक अपनी इंजरी के चलते दूर रहे और उन्होंने नेशनल क्रिकेट एकेडमी में रिहैबिलिटेशन की प्रक्रिया का सामना किया और अब वो फिर से धमाका करने के लिए तैयार हैं।
2 फरवरी को रणजी ट्रॉफी में बंगाल के खिलाफ मुंबई के लिए उतरेंगे
पृथ्वी शॉ की बात करें तो वो क्रिकेट के मैदान में 7 महीनों के बाद सीधे रणजी के रण में उतरेंगे। एक तरफ जहां विशाखापट्टनम में भारत और इंग्लैंड (India vs England) के बीच दूसरा टेस्ट मैच खेला जाएगा। तो वहीं दूसरी तरफ कोलकाता के ऐतिहासिक मैदान ईडन गार्डन( में 2 फरवरी के दिन ही पृथ्वी शॉ मुंबई के लिए बंगाल के खिलाफ रणजी मैच खेलेंगे। इसकी जानकारी मुंबई क्रिकेट ने दी। एमसीए (मुंबई क्रिकेट एसोसिएशन) के सचिव अजिंक्य नाइक ने पृथ्वी शॉ की वापसी को लेकर कहा कि “नेशनल क्रिकेट एकेडमी ने पृथ्वी शॉ को फिट करार दिया है। जिसके बाद इस युवा बल्लेबाज को रणजी ट्रॉफी मैच के लिए टीम में शामिल किया गया है।“
सेंचुरी के साथ किया था डेब्यू, लेकिन जल्द ही हो गए फ्लॉप
पृथ्वी शॉ(Prithvi Shaw) ने इंटरनेशनल क्रिकेट (International Cricket) में धमाकेदार आगाज किया था। उन्हें साल 2018 को टीम इंडिया (Team India) से खेलने के मेडन कॉलअप मिला था, जहां उन्हें वेस्टइंडीज के खिलाफ खेली गई घरेलू टेस्ट सीरीज में मौका मिला था। यहां पर पृथ्वी ने राजकोट में अपने डेब्यू टेस्ट की पहली पारी में 154 गेंदों का सामना करते हुए 134 रन बनाए थे। इसके बाद इस युवा बल्लेबाज ने अगले ही मैच में 70 रन की पारी खेली थी। लेकिन इसके बाद धीरे-धीरे वो फुस्स हो गए और भारत के लिए केवल 5 टेस्ट मैच ही खेल सके, जिसमें उन्होंने 42.37 की औसत से 339 रन बनाए। जिसमें 1 शतक और 2 अर्धशतक शामिल रहे। वहीं पृथ्वी शॉ को भारत के लिए 6 वनडे मैच खेलने को मिले, जिसमें 6 पारी में बिना किसी अर्धशतक के 189 रन ही बना सके। टी20 इंटरनेशनल में 1 मैच में खाता नहीं खुला।